🌹पंचरत्न हमारे धार्मिक पूजन पाठ में और धारण करने के लिए जाने जाते हैं। इनके नाम इस प्रकार हैं- सोना, हीरा, मोती, पद्मराग और नीलम ये ही पंचरत्न कहे जाते हैं। 🌹और अब हम आगे सर्व...
पांच वृक्षों के पत्तों को पञ्चपल्लव कहते हैं । जो कि हमारे धार्मिक कार्यों के लिए विशेष रूप से उपयोग किए जाते हैं, उनके नाम इस प्रकार हैं- 1.आम 2.पीपल 3.वरगद 4.पाखर 5.ऊमर (गूलर) इन्ही...
सात स्थानों की मिट्टी को सप्त मृतिका कहते हैं, जो हमारे धार्मिक कार्यक्रमों में उपयोगी होती है । उन स्थानों के नाम निम्नलिखित हैं- 1.गौशाला 2.घुङशाल 3.हाथीशाल 4.दो नदियों का संग...
कोई तन दुखी कोई मन दुखी, कोई धन बिन रहत उदास। थोड़े थोड़े सब दुखी सुखी राम के दास।। संसार में जो आया है सुख-दुख हानि लाभ जीवन मरण यह सब तो साथ में चलना ही है। कोई अपने तन से दुखी ह...